

अभेद्य एप” से मजबूत होगी साइबर सुरक्षा, डबवाली पुलिस का जनजागरूकता अभियान तेज : – एसपी जसलीन कौर
रिपोर्टर इन्द्र जीत प्रजापति
स्थान कालावाली
डबवाली 26 अप्रैल।आमजन की सुरक्षा को और अधिक सशक्त एवं तकनीक आधारित बनाने के उद्देश्य से हरियाणा पुलिस द्वारा शुरू किए गए “अभेद्य एप” को जन-जन तक पहुंचाने के लिए डबवाली पुलिस ने अपने प्रयास तेज कर दिए हैं। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक जसलीन कौर द्वारा जिले के सभी थाना प्रभारियों एवं संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।
जानकारी देते हुए एसपी डबवाली ने बताया कि पुलिस महानिदेशक हरियाणा श्री अजय सिंघल द्वारा लॉन्च किया गया “अभेद्य एप” नागरिकों की सुरक्षा के लिए एक प्रभावी डिजिटल प्लेटफॉर्म है। यह एप विशेष रूप से विदेशी नंबरों से आने वाली संदिग्ध एवं धमकी भरी कॉल्स की पहचान करने और उनसे बचाव के लिए तैयार किया गया है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में साइबर अपराधों में लगातार वृद्धि हो रही है, ऐसे में आमजन को सतर्क रहना और तकनीक का सही उपयोग करना अत्यंत आवश्यक हो गया है।
एसपी जसलीन कौर ने कहा कि “अभेद्य एप” केवल एक एप नहीं बल्कि एक भरोसेमंद सुरक्षा कवच है, जो नागरिकों को संदिग्ध कॉल्स की पहचान करने, उनकी रिपोर्टिंग करने और समय रहते सतर्क रहने में मदद करता है। इसके माध्यम से लोग न केवल स्वयं सुरक्षित रह सकते हैं, बल्कि दूसरों को भी जागरूक कर सकते हैं।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस एप के प्रचार-प्रसार को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। इसके लिए सोशल मीडिया, ग्राम चौपाल, स्कूल-कॉलेज, सार्वजनिक कार्यक्रमों और अन्य सभी उपलब्ध माध्यमों का अधिकतम उपयोग किया जाए।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि कोई नागरिक “अभेद्य एप” डाउनलोड करना चाहता है, तो संबंधित अधिकारी स्वयं उसकी सहायता करें। इसमें एप डाउनलोड करवाने, पंजीकरण कराने और इसके उपयोग के बारे में विस्तृत जानकारी देना शामिल है।
एसपी डबवाली ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस अभियान को केवल औपचारिकता न समझा जाए, बल्कि इसे जनसुरक्षा के मिशन के रूप में गंभीरता से लिया जाए।
आमजन को जागरूक करते हुए उन्होंने कहा कि कोई भी पुलिस अधिकारी फोन पर कभी भी OTP या पैसे नहीं मांगता। यदि किसी व्यक्ति को इस प्रकार की कॉल प्राप्त होती है, तो उसे घबराने की बजाय सतर्क रहना चाहिए और उसकी सत्यता की जांच करनी चाहिए।
उन्होंने विशेष रूप से बताया कि यह एप 60 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों, पेंशनधारकों तथा अकेले रहने वाले व्यक्तियों के लिए अत्यंत उपयोगी है, क्योंकि साइबर अपराधी अक्सर इस वर्ग को निशाना बनाते हैं। बड़ी राशि के लेन-देन के समय डबल ओटीपी की सुविधा उन्हें आर्थिक नुकसान से बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
उन्होंने कहा कि “सतर्क नागरिक ही सुरक्षित समाज की सबसे बड़ी शक्ति है।” “अभेद्य एप” जनभागीदारी पर आधारित एक अभिनव पहल है, जो नागरिकों और पुलिस के बीच सहयोग को मजबूत बनाती है और सुरक्षा व्यवस्था को नई दिशा देती है।
अंत में एसपी जसलीन कौर ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि जागरूकता अभियान को निरंतर गति दी जाए और अधिक से अधिक लोगों को इस एप से जोड़ा जाए, ताकि साइबर सुरक्षा को और मजबूत बनाया जा सके। उन्होंने आमजन से अपील की कि वे सतर्क रहें, सुरक्षित रहें और किसी भी साइबर अपराध की स्थिति में तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें।











